काँग्रेस को बीफ पसंद है####
कभी-कभी दिल में ख्याल आता है
कि काँग्रेस पार्टी को हो क्या गया है ।
देश का सबसे बङा राजनीतिक दल
अब आतंकियों की पैरवी क्यो करता है ?
यह जानने के लिये आपको 1952 मे चलना होगा।
देश के कुछ सम्मानित लोगों के मन मे विचार आया
कि महात्मा गांधी को सच्ची श्रद्धांजलि देनी है तो,
गौ हत्या निरोधक कानून पारित किया जाये ।
महात्मा गांधी ने कहा था देश मे जब पहली सरकार बने
तो, गौ हत्या निरोधक कानून अवश्य बनना चाहिए।
उस समय महावीर त्यागी सोनीपत से निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर
जीत कर लोकसभा में आये थे । त्यागी जी गौ हत्या निरोधक कानून
का प्रस्ताव लाने को तैयार हुये । ठीक वोटिंग वाले दिन
जवाहरलाल नेहरू ने कहा कि यदि गौ हत्या निरोधक
कानून पास हुआ तो वे इस्तीफा दे देगे ।
चौंकिये मत उनका यह बयान लोकसभा मे रिकार्ड है -------
नेहरु की ये बात सुनकर सभी नेता वोटिंग से पलट गए।
महावीर त्यागी को इतना मजबूर कर दिया गया कि मजबूर होकर उन्होंने
गौ हत्या निरोधक प्रस्ताव वापस ले लिया ।
उस समय उन्होंने कहा कि नेहरू जी आप महात्मागांधी के परम प्रिय शिष्य
थे आपको महात्मा गांधी की इच्छा पूरी करनी चाहिए, पर नेहरु मौन रह गये ।
------------- अब थोङा और आगे चलते है 1956 में जवाहरलाल नेहरू ने
देश के सभी मुख्यमंत्री को चिठ्ठी लिखी कि , हम गौ हत्या निरोधक कानून नही
ला सकते । क्योकि गौ हत्या से उन्हे विदेशी मुद्रा मिलती है।
परेशान हो गये ----- अगर हिन्दू है तो मन विचलित होना स्वाभाविक है।
आगे और सुनिये ------ नेहरू जी ने कहा यदि गौ हत्या बन्द हो गयी तो
सारा विश्व हमपर हंसेगा , कहेगा कि हम देश को 18 वी शताब्दी की ओर ले जा रहे हैं।
और ये सब मनगढंत बाते नही रिकार्ड में दर्ज है।
------------ राम मनोहर लोहिया ने एक बार कहा था कि नेहरू तुमको शर्म आनी चाहिये।
पूरा देश भुखमरी से जूझ रहा है और तुम 13 हजार रूपये का भोजन करते हो ।
हाँ साहब ये ही सच है नेहरू के एक समय के भोजन का खर्च 13 हजार रूपये आता था।
इसमे झूठ कुछ भी नही सब प्रमाण मौजूद है।
क्या केवल विदेशी मुद्रा के लालच में जवाहरलाल नेहरू गौ हत्या करवाना चाहते थे
या बात कुछ और ही है ।
नेहरु खुद भी शराब और शराब के शौकीन थे।
और आपको जानकर आश्चर्य होगा कि वह बीफ भी खाते थे
मतलब गाय का मांस।
अब सब समझ मे आ गया होगा कि जिस काँग्रेस पार्टी की नीव ही गौ हत्या से शुरू हुयी हो ।
वह पार्टी खून , असहिष्णुता, काटो और बाटो की राजनीति करेगी ही ।
------------ संगीता राजपूत----------
कभी-कभी दिल में ख्याल आता है
कि काँग्रेस पार्टी को हो क्या गया है ।
देश का सबसे बङा राजनीतिक दल
अब आतंकियों की पैरवी क्यो करता है ?
यह जानने के लिये आपको 1952 मे चलना होगा।
देश के कुछ सम्मानित लोगों के मन मे विचार आया
कि महात्मा गांधी को सच्ची श्रद्धांजलि देनी है तो,
गौ हत्या निरोधक कानून पारित किया जाये ।
महात्मा गांधी ने कहा था देश मे जब पहली सरकार बने
तो, गौ हत्या निरोधक कानून अवश्य बनना चाहिए।
उस समय महावीर त्यागी सोनीपत से निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर
जीत कर लोकसभा में आये थे । त्यागी जी गौ हत्या निरोधक कानून
का प्रस्ताव लाने को तैयार हुये । ठीक वोटिंग वाले दिन
जवाहरलाल नेहरू ने कहा कि यदि गौ हत्या निरोधक
कानून पास हुआ तो वे इस्तीफा दे देगे ।
चौंकिये मत उनका यह बयान लोकसभा मे रिकार्ड है -------
नेहरु की ये बात सुनकर सभी नेता वोटिंग से पलट गए।
महावीर त्यागी को इतना मजबूर कर दिया गया कि मजबूर होकर उन्होंने
गौ हत्या निरोधक प्रस्ताव वापस ले लिया ।
उस समय उन्होंने कहा कि नेहरू जी आप महात्मागांधी के परम प्रिय शिष्य
थे आपको महात्मा गांधी की इच्छा पूरी करनी चाहिए, पर नेहरु मौन रह गये ।
------------- अब थोङा और आगे चलते है 1956 में जवाहरलाल नेहरू ने
देश के सभी मुख्यमंत्री को चिठ्ठी लिखी कि , हम गौ हत्या निरोधक कानून नही
ला सकते । क्योकि गौ हत्या से उन्हे विदेशी मुद्रा मिलती है।
परेशान हो गये ----- अगर हिन्दू है तो मन विचलित होना स्वाभाविक है।
आगे और सुनिये ------ नेहरू जी ने कहा यदि गौ हत्या बन्द हो गयी तो
सारा विश्व हमपर हंसेगा , कहेगा कि हम देश को 18 वी शताब्दी की ओर ले जा रहे हैं।
और ये सब मनगढंत बाते नही रिकार्ड में दर्ज है।
------------ राम मनोहर लोहिया ने एक बार कहा था कि नेहरू तुमको शर्म आनी चाहिये।
पूरा देश भुखमरी से जूझ रहा है और तुम 13 हजार रूपये का भोजन करते हो ।
हाँ साहब ये ही सच है नेहरू के एक समय के भोजन का खर्च 13 हजार रूपये आता था।
इसमे झूठ कुछ भी नही सब प्रमाण मौजूद है।
क्या केवल विदेशी मुद्रा के लालच में जवाहरलाल नेहरू गौ हत्या करवाना चाहते थे
या बात कुछ और ही है ।
नेहरु खुद भी शराब और शराब के शौकीन थे।
और आपको जानकर आश्चर्य होगा कि वह बीफ भी खाते थे
मतलब गाय का मांस।
अब सब समझ मे आ गया होगा कि जिस काँग्रेस पार्टी की नीव ही गौ हत्या से शुरू हुयी हो ।
वह पार्टी खून , असहिष्णुता, काटो और बाटो की राजनीति करेगी ही ।
------------ संगीता राजपूत----------
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